rajasthan art & culture

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

राजस्थान के लोकनृत्य || Rajasthan ke loknrity

राजस्थान के लोकनृत्य Rajasthan ke loknrity 1. गैर गैरों के प्रकार –  मोटे रूप में चार प्रकार है –  (1) डांडिया गैर :-  (2) आंगिया गैर/आंगी–बांगी :-  (3) चंग गैर :-  (4) तलवार गैर (एक हाथ में तलवार एक हाथ में म्यान) :-  2. गींदड़ नृत्य 3. नेजा नृत्य  4. झेला नृत्य  5. बम/बमरसिया नृत्य  6. […]

राजस्थान के लोकनृत्य || Rajasthan ke loknrity Read More »

राजस्थान के वाद्य यंत्र || Rajasthan ke lokvady yantra

लोक वाद्य (1) तत् वाद्य (2)   घन वाद्य (3) अवनद्ध वाद्य (4) सुषिर वाद्य  घन वाद्य प्रमुख घन वाद्य –                     1. घुंघरु  2. करताल (कठताल) 3. रमझौल 4. लेजिम  5. टंकोरा/टिकोरा (घंटा/घड़ियाल) 6. वीर घंटा 7. श्रीमण्डल  8. झालर  9. मंजीरा  10. झाँझ  11. चिमटा (चींपीया) 12. हांकल  13. डांडिया 14. खड़ताल  15. घड़ा

राजस्थान के वाद्य यंत्र || Rajasthan ke lokvady yantra Read More »

राजस्थान के लोकगीत || Rajasthan ke lokgeet

लोकगीत केसरिया बालम यह रजवाड़ी विरह गीत है व राजस्थान का पर्यटन गीत है। घूमर     यह राज्य का सर्वाधिक लोकप्रिय गीत है जो गणगौर व तीज पर घूमर नृत्य के साथ गाया जाता है। मूमल    ये जैसलमेर क्षेत्र का प्रेम गीत है। ढोला मारू यह सिरोही क्षेत्र का प्रेम गीत है। गोरबन्द यह गीत रेगिस्तानी

राजस्थान के लोकगीत || Rajasthan ke lokgeet Read More »

राजस्थान की वेशभूषा || Rajasthan ki veshbhusha

वेशभूषा व आभूषण वेशभूषा (Costumes) पुरुष वेश–भूषा पगड़ी अंगरखी टोपी जामा स्त्री परिधान आभूषण (Ornaments) स्त्रियों के प्रमुख आभूषण पुरुषों के प्रमुख आभूषण पुरुषों व स्त्रियों के आभूषणों का परिचय पुरुषों के प्रमुख आभूषणों का परिचय महिलाओं के प्रमुख आभूषणों का परिचय

राजस्थान की वेशभूषा || Rajasthan ki veshbhusha Read More »

राजस्थान के प्रमुख संत और संप्रदाय || Rajasthan ke pramukh sant or sampraday

राजस्थान के प्रमुख संत और संप्रदाय || Rajasthan ke pramukh sant or sampraday संत एवं सम्प्रदायराजस्थान के प्रमुख सम्प्रदाय  हिन्दू धर्म राजस्थान प्रदेश का मुख्य धर्म है। हिन्दू धर्म के अंतर्गत विष्णु पूजक अर्थात वैष्णव धर्म में आस्था रखने वाले लोगों की संख्या सर्वाधिक हैं। वैष्णवों के अतिरिक्त शैव एवं शाक्त मतावलम्बी भी प्रदेश में न्यून

राजस्थान के प्रमुख संत और संप्रदाय || Rajasthan ke pramukh sant or sampraday Read More »

राजस्थान की प्रमुख छतरियां || Rajasthan ki pramukh chhatriya

राजस्थान की प्रमुख छतरियां || Rajasthan ki pramukh chhatriya देवल और छतरियाँ ✯ सवाई माधोपुर में कुकराज की घाटी में कुत्ते की छतरी बनी है। ✯ अमरसिंह राठौड़ की छतरी नागौर में है। ✯ मंडोर (जोधपुर) में ‘तैंतीस करोड़ देवताओं की साल’ महाराजा अभयसिंह के समय में बनाई गई। ✯ मंडोर से 4 मील दूर ‘पंचकुण्ड’ नामक स्थान पर राव

राजस्थान की प्रमुख छतरियां || Rajasthan ki pramukh chhatriya Read More »

राजस्थान की प्रमुख बावड़ियाँ || Rajasthan ki pramukh bavdiya

राजस्थान की प्रमुख बावड़ियाँ || Rajasthan ki pramukh bavdiya राजस्थान की बावड़ियाँ देवल एवं छतरियाँ

राजस्थान की प्रमुख बावड़ियाँ || Rajasthan ki pramukh bavdiya Read More »

राजस्थान के प्रमुख महल || Rajasthan ke pramukh mahal

राजस्थान के प्रमुख महल || Rajasthan ke pramukh mahal जयपुर – हवामहल की पहली मंजिल ‘शरद मंदिर‘, दूसरी ‘रत्न मंदिर‘, तीसरी ‘विचित्र मंदिर‘, चौथी मंजिल ‘प्रकाश मंदिर‘ और पाँचवी मंजिल ‘हवा मंदिर‘ के नाम से जानी जाती है। उस जमाने में पर्दा प्रथा का रिवाज था इसलिए हवामहल का निर्माण रानियों के आवास के लिए

राजस्थान के प्रमुख महल || Rajasthan ke pramukh mahal Read More »

राजस्थान के प्रमुख दुर्ग || Rajasthan ke pramukh durg

राजस्थान के प्रमुख दुर्ग || Rajasthan ke pramukh durg 1. गिरि दुर्ग – वह दुर्ग जो किसी उच्च गिरि या पर्वत पर अवस्थित हो तथा जिसके चारों ओर पर्वत श्रेणियाँ हों। 2. जल दुर्ग – जिसके चारों तरफ बहुत दूर तक फैली हुई जलराशि हो, उसे जल दुर्ग कहते हैं। 3. धान्वन दुर्ग – वह

राजस्थान के प्रमुख दुर्ग || Rajasthan ke pramukh durg Read More »

You cannot copy content of this page